उसने जब कहा था प्यार
उसे नहीं मालूम था कि
वह झूठ बोल रही है |
उसने जब कहा था प्यार
उसे मालूम था कि
वह झूठ बोल रहा है |
अनजाने में बोले गए झूठ को
क्या, सच माना जा सकता है ?
वह इस झूठ की सजा पाती है
और वह
अपने झूठ पर इतराता है, मुस्कराता है
उसे नहीं मालूम था कि
वह झूठ बोल रही है |
उसने जब कहा था प्यार
उसे मालूम था कि
वह झूठ बोल रहा है |
अनजाने में बोले गए झूठ को
क्या, सच माना जा सकता है ?
वह इस झूठ की सजा पाती है
और वह
अपने झूठ पर इतराता है, मुस्कराता है
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