शोर थम जाने से
उपजा है यह सन्नाटा
नवजात शिशु
अगर रोता नहीं है
शोर थम जाता है
सन्नाटा पसर जाता है |
Friday, 23 May 2014
जो है वही तो
सपनों में आता है
ईश्वर मेरे सपनों में
कभी क्यों नहीं आया ?
Tuesday, 13 May 2014
1)
जन्म निश्चित
मृत्यु निश्चित
सफर में ठिकाने हैं अनिश्चित
आईने में
यह कौन दिखता है अपरिचित ?
2)
जन्म निश्चित
मृत्यु निश्चित
अंतिम समय इस आईने में
यह कौन दिखता है अपरिचित ?
Sunday, 11 May 2014
वक्त वक्त की है बात जब हम रहते थे माँ के साथ माँ खुश रहती थी और हम भी आज माँ मेरे साथ रहती है न माँ खुश है और न हम |
माँ
एकांत में भी
अकेली नहीं हो पाती
जपती है
बच्चों के नाम की माला
होठों से
बच्चों का नाम बुदबुदाती है
माँ हमेशा माँ रहती है
हाँ, वह फिर स्त्री नहीं रह जाती है |
Friday, 9 May 2014
जो अँधेरी सुरंग में छिप गए थे
सूरज की उपस्थिति को
नकारने की ओछी कोशिश में
वे बहुत दिनों बाद
अब सुरंग से निकलेंगे
एक साथ अपना रंग बदलेंगे
कौव्वे
कोयल की आवाज में गाने लगेंगे
Friday, 2 May 2014
पैदा होने से पहले
संसार में प्रचलित धर्मों की लिस्ट दिखाकर
तुमसे पूछा गया-
तुम किस धार्मिक मान्यता को पसंद करते हो ?
तुमने इंसान होना चुना
इसलिए तुम्हे धर्म भी चुनना पड़ा |
क्या तुम जानते हो ?
पशु पक्षी उन्हें बनाया गया
जिन्होनें धर्म के नाम पर
इंसान की पहचान पर असहमति जतायी
धर्म की जंजीरों से मुक्ति पाने के लिए
उन्होंने बहुत बड़ी कीमत चुकाई |