तुम भी अंधे,वह भी अंधा
भक्तों ने बाँट लिया है देश
परिंदे तो देश छोड़ गये
दिखता चारो ओर दरिंदा
तुम भी अंधे,वह भी अंधा
बना लिया है राजनीति को धंधा |
भक्तों ने बाँट लिया है देश
परिंदे तो देश छोड़ गये
दिखता चारो ओर दरिंदा
तुम भी अंधे,वह भी अंधा
बना लिया है राजनीति को धंधा |
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