मेरा प्यार तुम तक
वाया किसी तीसरे के आया
तुम्हारा प्यार मुझ तक
धोबी-घाट पर धुलकर आया
इसीलिए तो
मेरे और तुम्हारे बीच
प्यार का रूप-रंग
इतना निखर पाया |
वाया किसी तीसरे के आया
तुम्हारा प्यार मुझ तक
धोबी-घाट पर धुलकर आया
इसीलिए तो
मेरे और तुम्हारे बीच
प्यार का रूप-रंग
इतना निखर पाया |
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