धर्म उत्पात मचा रहा है,
धर्म के नाम पर पाप किया जा रहा है |
2)
नदी के जिस पानी में
आप डुबकी लगाते हैं
बाहर आने पर वह पानी नहीं मिलता
नदी की फितरत में ठहरना नहीं होता |
धर्म के नाम पर पाप किया जा रहा है |
2)
नदी के जिस पानी में
आप डुबकी लगाते हैं
बाहर आने पर वह पानी नहीं मिलता
नदी की फितरत में ठहरना नहीं होता |
No comments:
Post a Comment