संबंधों की कभी प्राकृतिक मौत नहीं होती
उनका खून किया जाता है
हमारे अहंकार द्वारा या
हमारे आचरण द्वारा
या फिर हमारी अज्ञानता इसका कारण होती है |
संबंधों को शाश्वत बनाने की जुगत करे हम |
उनका खून किया जाता है
हमारे अहंकार द्वारा या
हमारे आचरण द्वारा
या फिर हमारी अज्ञानता इसका कारण होती है |
संबंधों को शाश्वत बनाने की जुगत करे हम |
No comments:
Post a Comment